Home > ख़बरें > दिवाली से ठीक पहले अयोध्या से आयी बहुत बड़ी खुशखबरी, हिन्दुओं के लिए ले लिया ज़बरदस्त फैसला

दिवाली से ठीक पहले अयोध्या से आयी बहुत बड़ी खुशखबरी, हिन्दुओं के लिए ले लिया ज़बरदस्त फैसला

लखनऊ :  अयोध्या भगवान राम का जन्म स्थल है और भगवान राम से ही समस्त भारत का आज मान सम्मान बढ़ रहा है. लेकिन कांग्रेस सरकार समेत सभी पार्टियों ने पिछले दस साल में भगवान राम का सिर्फ अपमान ही किया है. कांग्रेस ने भगवान राम को कोरी कल्पना बताया था और कांग्रेस के ही कपिल सिब्बल ने भगवान राम की तुलना तीन तलाक से कर दी थी. कांग्रेस ने तो यहाँ तक कह दिया था “रामायण सिर्क एक कहानी है राम कभी पैदा नहीं लिए और राम सेतु राम ने नहीं बनाया”. मुलायम सिंह यादव ने कारसेवकों पर खुलेआम गोलियां तक चलवा दी थी और करुणा निधि ने भगवान राम को पियक्कड़ कह दिया था तो सपा सांसद नरेश अग्रवाल ने पूरी राजयसभा में सबके सामने कहा था कि “विस्की में विष्णु बसें,रम में श्रीराम,जिन में माता जानकी और ठर्रे में हनुमान”.


लेकिन अब वक़्त और सरकारें दोनों बदल चुकी हैं. यूपी में सत्ता परिवर्तन होने के बाद से अब लग रहा है कि हर भक्त को रामलला के दर्शन होंगे. हालाँकि भगवान राम के मंदिर बनाने मुद्दा सुप्रीम कोर्ट में फंसा हुआ है लेकिन उससे पहले ही योगी सरकार ने वो ज़बरदस्त फैसला सुना दिया है जिसके बाद आप सब भी जय श्री राम कहे बिना नहीं रह पाएंगे.

आपको जानकार हैरानी होगी अभी इराक मुस्लिम देश से भगवान राम और हनुमान की करीब 6000 साल पुरानी पथर पर मढ़ी गयी मुर्तिया मिली है.

योगी सरकार का अयोध्या में शानदार फैसला !

अभी-अभी दिवाली जैसे पावन पर्व पर अयोध्या से बहुत बड़ी खुशखबरी आ रही है. प्रदेश में अयोध्या को देश का सबसे बड़ा पर्यटन स्थल बनाने की तैयारी ज़ोरशोर से शुरू हो गयी हैं. योगी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के निर्णय से पहले ही श्रद्धालुओं को भगवान श्रीराम के भव्य योद्धा स्वरूप का दर्शन कराने के लिए शानदार फैसला लिया है कि अयोध्या में सरयू तट पर भगवान राम की 108 फीट ऊंची प्रतिमा स्थापित कराएगी. राज्य के पर्यटन विभाग ने इस संबंध में राज्यपाल राम नाइक को प्रजेंटेशन दे दी है. नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) की अनुमति मिलते ही प्रतिमा पर काम शुरू हो जाएगा.

जलाये जाएंगे 1 लाख 70 हज़ार दीपक

भगवान राम की 108 फ़ीट ऊँची प्रतिमा से सिर्फ अयोध्या ही नहीं बल्कि अयोध्या के बाहर भी भक्तों को आसानी से दर्शन हो सकेंगे. इसके साथ ही इस प्रपोजल में रामकथा गैलरी का भी प्रस्ताव है, जो की नदी के घाट पर बनाया जाना है. वहीं दूसरी ओर अयोध्या में दिवाली के कार्यक्रम में 1.71 लाख मिट्टी के दीए राम की पौड़ी पर जलाए जाएंगे. इस भव्य मौके पर खुद सीएम योगी और राज्यपाल खुद मौजूद रहेंगे.


नव्य अयोध्या योजना

दरअसल योगी सरकार अयोध्या को देश का ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया का सबसे विशाल एवम भव्य पर्यटन स्थल बनाने जा रही हैं. ‘नव्य अयोध्या’ योजना के तहत धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए योगी सरकार ने यह फैसला लिया है. इस योजना की शुरुआत में 18 अक्टूबर को अयोध्या में छोटी दीपावाली पर भव्य दीपोत्सव का आयोजन किया जाएगा और सरयू नदी के राम की पैड़ी में 1 लाख 71 हजार दीपक जलाकर त्रेतायुग में भगवान राम की वन से वापसी का अहसास कराया जाएगा. इसके साथ सरयू नदी की आरती की जाएगी.

खुद सीएम योगी करेंगे आरती

आपको बता दें कि उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ अपनी छोटी दिवाली राम नगरी अयोध्या में ही मनाएंगे. दीपोत्सव कार्यक्रम में राज्यपाल रामनाईक, केन्द्रीय पर्यटन राज्यमंत्री एल्फांस कंननथानम, केन्द्रीय संस्कृति मंत्री महेश शर्मा, प्रदेश की पर्यटन मंत्री रीता बहुगुणा जोशी समेत स्थानीय सांसद, विधायक, श्रद्धालु एवं पर्यटक मौजूद रहेंगे. इस दिन विशाल समारोह आयोजित किया जाएगा. कार्यक्रम में इण्डोनेशिया और थाईलैंड के कलाकार रामलीला का मंचन भी करेंगे. दीपोत्सव कार्यक्रम में अयोध्या के हेरिटेज वॉक, भगवान श्रीराम के अयोध्या आगमन को दर्शाते हुए भव्य शोभायात्रा रामकथा पार्क में यात्रा का पूजन-वंदन, श्रीराम के प्रतीकात्मक राज्याभिषेक का आयोजन कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण होंगे.

पर्यटन विभाग ने अपने प्रजेंटेशन में राज्यपाल को बताया कि अयोध्या में पर्यटन के विकास के लिए रामकथा गैलरी, सरयू तट का विकास, ‘रानी हो‘ के स्मारक के सौंदर्यीकरण के साथ ही गुप्तार घाट का विशेष सुधार कराया जाएगा. इसी घाट पर भगवान राम ने जल समाधि ली थी. इसके साथ ही दिगम्बर अखाड़ा परिसर में बहुउद्देश्यीय प्रेक्षागृह का निर्माण, राम की पौड़ी और पर्यटकों के ठहरने के स्थल जैसे कार्य भी योजना का हिस्सा हैं.

ऐसी मान्यता है कि रावण के वध के बाद राम, सीता और लक्ष्मण सहित जब अयोध्या लौटे थे तो सरयू नदी के तट से होकर गए थे. इस उपलक्ष्य में अयोध्यावासियों ने सरयू के तट पर दीप जलाए थे. माना जा रहा है कि सीएम योगी उसी रीति को दोहराएंगे. इसलिए 18 अक्टूबर की शाम को सरयू तट को करीब 1 लाख दीपों से रौशन किया जाएगा.

इसके बाद राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री योगी अयोध्या के विकास से संबंधित योजनाओं का शिलान्यास, प्रधानमंत्री आवास योजना, नए बिजली कनेक्शन और अन्य योजनाओं के लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र का वितरण करेंगे.


यदि आप भी जनता को जागरूक करने में अपना योगदान देना चाहते हैं तो इसे फेसबुक पर शेयर जरूर करें. जितना ज्यादा शेयर होगी, जनता उतनी ही ज्यादा जागरूक होगी. आपकी सुविधा के लिए शेयर बटन्स नीचे दिए गए हैं.

सब्सक्राइब करें हमारा यू-ट्यूब चैनल


हिंदी न्यूज़ से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमारा फेसबुक पेज लाइक करें

फेसबुक पेज लाइक करें

loading...

Comments