Home > ख़बरें > पीएम मोदी ने चला नहले पे दहला, खाने को लेकर लिया ऐसा जबरदस्त फैसला, दुनियाभर में हुई तारीफ़ !

पीएम मोदी ने चला नहले पे दहला, खाने को लेकर लिया ऐसा जबरदस्त फैसला, दुनियाभर में हुई तारीफ़ !

modi-on-food-wastage

नई दिल्ली : जहाँ एक और यूपी में पानी की व्यवस्था को लेकर सीएम योगी आदित्यनाथ ने कडा रुख अख्तियार कर लिया है, वहीँ अब प्रधानमंत्री मोदी ने देश में होने वाली खाने की बर्बादी पर अपना रुख सख्त कर लिया है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़ देश के ज्यादातर होटलों और समारोह के भोज में लोगों द्वारा काफी मात्रा में खाना बर्बाद किया जाता है. इसे लेकर मोदी सरकार सख्त हो गयी है और बड़ा फैसला कर लिया है.

खाने की बर्बादी अब होगी ख़त्म !

कई लोग अपनी थाली में इतना ले लेते हैं, जितना वो खा भी नहीं सकते, जिसके चलते खाने के बाद उनकी थाली में बचा सारा खाना बर्बाद हो जाता है. वहीँ देश में कितने ही ऐसे गरीब लोग भी हैं, जिन्हे दिन की दो रोटियां तक नसीब नहीं हो पातीं. प्रतिदिन होटलों में काफी मात्रा में बर्बाद होने वाला खाना किसी गरीब के पेट भरने के काम आ सकता है. इसके लिए मोदी सरकार ने एक ऐतिहासिक फैसला लिया है.

मोदी सरकार अब होटलों में परोसे जाने वाले डिश की मात्रा तय करने वाली है, इस डिश की मात्रा उतनी ही होगी जितने में एक शख़्स का पेट आराम से भर जाए और खाना व्यर्थ बर्बाद ना हो. केंद्र सरकार उपभोक्ता संरक्षण कानून में संशोधन कर खाने की बर्बादी को रोकने के लिए नया कानून बनाने जा रही है.

डिश की मात्रा होगी तय !

उपभोक्ता मामलों के केन्द्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने होटल और रेस्टोरेंट में खाने की बर्बादी को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यदि किसी व्यक्ति का पेट केवल दो ही प्रॉन्स खा कर भर जाता है तो होटल में उसे 6 प्रॉन्स क्यों परोसे जाएं? ये तो भोजन और पैसा दोनों की ही बर्बादी है. उन्होंने आगे कहा कि भारत जैसे गरीब देश में जहां काफी सारे लोगों को दो वक़्त का खाना नसीब नहीं हो पाटा, वहां इस तरह से खाने की बर्बादी करना ठीक नहीं. इसलिए सरकार ने कंज्यूमर के हित में यह कदम उठाया है..

गौरतलब है कि कुछ ही दिन पहले अपने “मन की बात” कार्यक्रम में पीएम मोदी ने भी खाने की बर्बादी को लेकर गंभीर चिंता जताई थी. पीएम मोदी ने शादी समारोह और होटलों में बचे हुए खाने को फेकने की जगह एनजीओ को देने की अपील भी की थी ताकि वो खाना गरीब लोगों के काम आ सके.

नियमों में होंगे बदलाव !

पीएम मोदी की इस पहल के बाद उपभोक्ता मंत्रालय ने इस सिलसिले में तेजी से काम करना शुरू कर दिया है. हिन्दुस्तान टाइम्स में छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक उपभोक्ता, खाद्य और लोक वितरण मंत्रालय होटलों और रेस्तरां के लिए एक प्रश्नावली तैयार कर रहा है, जिसमें उनसे ये पूछा जाएगा कि एक सामान्य उपभोक्ता को कितनी मात्रा में डिश परोसी जानी चाहिए?

पासवान के मुताबिक़ होटलों और रेस्त्रां के साथ मिलकर पीएम मोदी की इस मुहिम को कारगर बनाया जाएगा. होटलों की तरफ से प्रश्नावली का जवाब आने के बाद इस बारे में दिशानिर्देश जारी किये जाएंगे कि कितनी मात्रा में डिश ग्राहकों को परोसी जानी चाहिए. यानि यदि खाने वाल एक ही व्यक्ति है तो डिश की मात्रा भी उतनी ही रखी जायेगी जितना वो खा सके. कई होटलों व् रेस्त्रां में हाफ प्लेट का कोई नियम ही नहीं होता, चाहे एक ही व्यक्ति खाने वाला हो लेकिन कम से कम आर्डर फुल प्लेट ही करना पड़ता है, लेकिन सरकार की इस मुहिम के बाद इस नियम में बदलाव की उम्मीद है.

इस न्यूज़ को अपने मित्रों के साथ शेयर करना न भूलें। आपकी सुविधा के लिए शेयर बटन्स नीचे दिए गए हैं।
हिंदी न्यूज़ से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमारा फेसबुक पेज लाइक करें


फेसबुक पेज लाइक करें

loading...

Comments